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इजराइली सेना का बड़ा फैसला: CNN पत्रकारों से मारपीट के बाद नेत्जाह बटालियन सस्पेंड; वेस्ट बैंक में ऑपरेशन पर रोक।

रवि चौहान मार्च 30, 2026 0
इजराइल ने CNN पत्रकारों से बदसलूकी पर बटालियन सस्पेंड की:
इजराइल ने CNN पत्रकारों से बदसलूकी पर बटालियन सस्पेंड की:

वेस्ट बैंक में CNN टीम से बदसलूकी: इजराइली सेना ने पूरी बटालियन को किया सस्पेंड; नेत्जाह येहूदा यूनिट की ऑपरेशनल गतिविधियों पर लगी रोक

यरुशलम/वेस्ट बैंक | 30 मार्च 2026

इजराइली रक्षा बलों (IDF) ने वेस्ट बैंक के फिलिस्तीनी गांव तयासिर में CNN के पत्रकारों के साथ हुई बदसलूकी और मारपीट के मामले में एक बड़ा और कड़ा फैसला लिया है। सेना ने इस घटना में शामिल पूरी बटालियन को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड कर दिया है। यह बटालियन विवादित नेत्जाह येहूदा (Netzah Yehuda) यूनिट का हिस्सा है।

सेना के प्रवक्ता के अनुसार, इस बटालियन को वेस्ट बैंक से हटाकर ट्रेनिंग बेस पर भेज दिया गया है और जांच पूरी होने तक इसकी सभी ऑपरेशनल गतिविधियों पर रोक लगा दी गई है।


1. क्या थी घटना? 26 मार्च का वो मंजर

यह घटना पिछले हफ्ते 26 मार्च को उस समय हुई जब CNN के वरिष्ठ पत्रकार जेरेमी डायमंड अपनी टीम के साथ तयासिर गांव में रिपोर्टिंग कर रहे थे।

  • रिपोर्टिंग का विषय: टीम वहां इजराइली सेटलर्स (बसावट करने वालों) द्वारा किए गए हालिया हमलों के बाद के हालात को कैमरे में कैद कर रही थी।

  • अचानक हमला: चश्मदीदों से बात करने के दौरान इजराइली सैनिकों की एक टुकड़ी वहां पहुंची। बातचीत जल्द ही विवाद में बदल गई और सैनिकों ने पत्रकारों को हिरासत में ले लिया।

  • हिंसा: आरोप है कि एक सैनिक ने फोटो जर्नलिस्ट सिरिल थियोफिलॉस का गला जकड़ लिया और उन्हें जमीन पर पटक दिया, जिससे उनका महंगा कैमरा टूट गया। सैनिकों ने पत्रकारों पर बंदूकें भी तानीं, जबकि उन्होंने अपनी पहचान (Press ID) उजागर कर दी थी।


2. अंतरराष्ट्रीय प्रतिक्रिया: प्रेस की आजादी पर हमला

अंतरराष्ट्रीय मीडिया संगठन फॉरेन प्रेस एसोसिएशन (FPA) ने इस घटना की कड़े शब्दों में निंदा की है:

  • निंदा प्रस्ताव: संगठन ने इसे प्रेस की आजादी पर सीधा और हिंसक हमला करार दिया।

  • दुश्मनी का माहौल: FPA ने कहा कि पत्रकारों को डराना और उन पर हथियार तानना यह दर्शाता है कि ग्राउंड पर मीडिया के प्रति दुश्मनी बढ़ रही है।

  • जांच की मांग: संगठन ने इजराइल सरकार से मांग की है कि केवल सस्पेंशन काफी नहीं है, बल्कि जिम्मेदार सैनिकों पर आपराधिक मुकदमा चलना चाहिए।


3. नेत्जाह येहूदा यूनिट: धार्मिक पहचान और विवादों का नाता

नेत्जाह येहूदा यूनिट इजराइली सेना की कफिर ब्रिगेड का हिस्सा है। इसका इतिहास और संरचना इसे अन्य यूनिट्स से अलग बनाती है:

  • गठन (1999): इसे विशेष रूप से हरेदी (अल्ट्रा-ऑर्थोडॉक्स) समुदाय के लिए बनाया गया था, जिन्हें पहले सैन्य सेवा से छूट मिली हुई थी।

  • धार्मिक नियम: इस यूनिट में महिलाएं शामिल नहीं होतीं। यहां केवल कोषेर (Kosher) खाना दिया जाता है और सैनिकों को धार्मिक प्रार्थनाओं के लिए समय दिया जाता है।

  • विवादित इतिहास: यह यूनिट लंबे समय से मानवाधिकार उल्लंघनों के आरोपों में घिरी रही है।

    • 2022: 79 वर्षीय फिलिस्तीनी-अमेरिकी उमर असअद की सैनिकों द्वारा बांधे जाने के बाद मौत हो गई थी।

    • मार्च 2026: यरुशलम में एक CNN प्रोड्यूसर का हाथ फ्रैक्चर करने का आरोप भी इसी यूनिट से जुड़ी गतिविधियों पर लगा है।


📊 नेत्जाह येहूदा यूनिट: एक नजर में

विशेषता विवरण
स्थापना 1999 (हरेदी समुदाय के लिए)
मुख्य कार्य वेस्ट बैंक में गश्त और सुरक्षा
विवाद मानवाधिकार उल्लंघन, अत्यधिक बल प्रयोग
ताजा कार्रवाई पूरी बटालियन सस्पेंड, ऑपरेशनल रोक
अमेरिकी रुख प्रतिबंध लगाने पर विचार (Leahy Law के तहत)

4. अमेरिका की नजर और संभावित प्रतिबंध

नेत्जाह येहूदा यूनिट की गतिविधियों पर केवल इजराइल के भीतर ही नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी नजर रखी जा रही है।

  • अमेरिकी जांच: 2022 के अंत से अमेरिका इस यूनिट की जांच कर रहा है।

  • लेही कानून (Leahy Law): ऐसी खबरें हैं कि जो बाइडन और अब ट्रम्प प्रशासन भी इस यूनिट पर मानवाधिकारों के हनन के कारण प्रतिबंध लगाने पर विचार कर रहा है। यदि ऐसा होता है, तो यह इजराइली सेना की पहली ऐसी यूनिट होगी जिसे अमेरिकी सैन्य सहायता प्राप्त करने से रोक दिया जाएगा।


5. सेना का अगला कदम: 'एथिकल री-ट्रेनिंग'

इजराइली सेना ने स्पष्ट किया है कि बटालियन को केवल हटाया नहीं गया है, बल्कि उन्हें प्रोफेशनल और एथिकल ट्रेनिंग दी जाएगी।

  • जांच प्रक्रिया: सैन्य पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि क्या सैनिकों ने नियमों (Rules of Engagement) का उल्लंघन किया।

  • कमांड लेवल पर बदलाव: बटालियन के कमांडरों से भी पूछताछ की जा रही है कि उन्होंने पत्रकारों के साथ हो रही बदसलूकी को रोकने के लिए क्या कदम उठाए।

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#IsraelNews-#WestBank-#CNN-#NetzahYehuda-#PressFreedom-#IDF-#BreakingNews-#MiddleEastConflict-#HumanRights
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मेरठ: कार सवार युवक से बीच सड़क पर नाक रगड़वाने वाला BJP नेता गिरफ्तार

मेरठ। सत्ता की हनक में गाली गलौच करते हुए कार सवार युवक से बीच सड़क नाक रगड़वाने वाले छुटभैया नेता (भाजपा किसान मोर्चा के जिला उपाध्यक्ष) विकुल चपराणा को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी के खिलाफ मेडिकल थाने में केस दर्ज किया गया है। विकुल  उर्जा राज्य मंत्री डॉक्टर सोमेंद्र तोमर का करीबी है। माना जा रहा है कि घटना का वीडियो वायरल हाेने के बाद मजबूरी में मेरठ पुलिस को एक्शन लेना पड़ा। बता दें कि विकुल चपराणा की दबंगई का वीडियो सामने आया है‚ जिसमें वह कार सवार दो युवको के साथ बेहद क्रूर बरताव करता हुआ नजर आ रहा है। उर्जा राज्य मंत्री डॉक्टर सोमेंद्र तोमर के दफ्तर के नीचे कार पार्किंग विवाद में विकुल ने अपने साथियों के साथ दो युवकों को घेर लिया था। धमकाया और उनकी कार के शीशे तोड़ डाले। वीडियो में एक युवक हाथ जोड़कर माफी मांगता और सड़क पर सिर झुकाकर नाक रगड़ता दिख रहा है।  पास खड़ा युवक चिल्लाता है...हाथ जोड़कर बोल, सोमेंद्र तोमर तेरा बाप है...गलती हो गई। इस दौरान पुलिसवाले भी मौजूद थे, लेकिन उन्होंने आरोपियों को रोका नहीं। घटना 19 अक्टूबर की रात 10 बजे मेडिकल थाना क्षेत्र के तेजगढ़ी इलाके में हुई, लेकिन वीडियो आज सामने आया। इसके बाद पुलिस ने जांच शुरू की। पीड़ित युवकों के नाम सिद्धार्थ पॉल निवासी प्रभात नगर और सत्यम रस्तोगी निवासी शास्त्री नगर डी ब्लॉक है। कार के आगे-पीछे के शीशे भी तोड़े प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया, 'राज्यमंत्री के ऑफिस के नीचे बलेनो कार खड़ी थी। उसमें दो युवक आगे बैठे थे। एक युवक ड्राइविंग सीट पर था, जबकि दूसरा बगल की सीट पर बैठा था। बाहर काफी भीड़ लगी थी। लोग कार को घेरे हुए खड़े थे। पुलिस भी चुपचाप खड़ी थी। कार के अंदर बैठे युवकों पर बाहर के युवक गाली देकर डांट रहे थे। अंदर से युवक माफी मांग रहे थे। तभी किसी ने कार के पीछे के शीशे पर लाठी मारी और कांच तोड़ दिया। इसके बाद एक युवक ने कार के फ्रंट शीशे को मुक्का मारकर तोड़ दिया। तभी भीड़ से दो पुलिसवाले आए और कार के अंदर पीछे की सीट पर जाकर बैठ गए। बाहर खड़े विकुल चपराणा और अन्य लोग इन दोनों युवकों को धमकाते रहे। बाद में विंडो सीट पर बैठा युवक बाहर आया, उससे माफी मंगवाई गई। 19 सेकेंड में क्या दिख रहा, जानिए वीडियो में दिख रहा है कि सड़क पर एक गाड़ी खड़ी है। गाड़ी के साथ एक आदमी मौजूद है, जो हाथ जोड़कर माफी मांगता है। सड़क पर सिर झुकाता और नाक रगड़ता है। आसपास सिक्योरिटी गार्ड भी खड़े हैं। पास खड़ा एक युवक बहुत गुस्से में है, जो बार-बार राज्यमंत्री सोमेंद्र तोमर का नाम लेकर युवक को गालियां देता और चिल्लाता दिख रहा है। युवक कहता है...हाथ जोड़कर कह, सोमेंद्र तोमर गलती हो गई... तेरा बाप है सोमेंद्र तोमर... तेरी... सोमेंद्र तोमर भइया है मेरा, चल निकल उधर जा...   पूरे मामले में SP ने कहा है कि- जांच के बाद सख्त एक्शन लेंगे इस घटना ने पुलिस की भूमिका पर भी सवाल उठाए हैं। आरोप है कि पुलिस मूकदर्शक बनी रही और आरोपियों को रोका तक नहीं। एसपी सिटी आयुष विक्रम सिंह का कहना है कि वायरल वीडियो के आधार पर मामले की जांच की जा रही है। जांच के बाद सख्त कार्रवाई की जाएगी।........... इ

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ईरान के नतांज न्यूक्लियर प्लांट पर हमला
ईरान-इजराइल युद्ध डे-22: नतांज परमाणु केंद्र पर हवाई हमला; हिंद महासागर में डिएगो गार्सिया बेस पर मिसाइलें, क्या अब शुरू होगा 'न्यूक्लियर वॉर'?

ईरान-इजराइल-अमेरिका जंग: 22वां दिन | नतांज न्यूक्लियर सेंटर पर भीषण हमला, हिंद महासागर में अमेरिकी बेस पर मिसाइलें और डिएगो गार्सिया की तकरार तेहरान/वॉशिंगटन/यरुशलम | 21 मार्च 2026 आज 21 मार्च 2026 है और मध्य पूर्व (Middle East) में छिड़ी महाजंग अपने 22वें दिन में प्रवेश कर चुकी है। आज की सुबह दुनिया के लिए सबसे चौंकाने वाली खबर लेकर आई, जब अमेरिका और इजराइल ने संयुक्त रूप से ईरान के सबसे संवेदनशील और सबसे बड़े परमाणु ठिकाने 'नतांज न्यूक्लियर सेंटर' को निशाना बनाया। इसके साथ ही जंग का दायरा अब खाड़ी देशों से निकलकर हिंद महासागर तक फैल गया है। यहाँ आज के घटनाक्रम, सैन्य कार्रवाई और वैश्विक कूटनीति की सबसे विस्तृत रिपोर्ट दी गई है: 1. नतांज न्यूक्लियर प्लांट पर हमला: क्या परमाणु खतरा बढ़ा? ईरान की सरकारी न्यूज एजेंसी 'तसनीम' के अनुसार, शनिवार सुबह अमेरिकी और इजराइली लड़ाकू विमानों ने नतांज परमाणु केंद्र पर कई मिसाइलें दागीं। हमले का मकसद: नतांज ईरान का वह केंद्र है जहाँ यूरेनियम इनरिचमेंट (संवर्धन) किया जाता है। इजराइल का मानना है कि यहाँ ईरान गुप्त रूप से परमाणु बम बनाने की तैयारी कर रहा था। जमीनी स्थिति: इस प्लांट का बड़ा हिस्सा जमीन के नीचे (Underground) बना है ताकि बंकर-बस्टर मिसाइलों से बचा जा सके। राहत की खबर: ईरानी अधिकारियों ने पुष्टि की है कि हमले के बावजूद अभी तक कोई रेडियोएक्टिव (परमाणु विकिरण) रिसाव नहीं हुआ है। आसपास की नागरिक आबादी पूरी तरह सुरक्षित है। 2. हिंद महासागर में कोहराम: डिएगो गार्सिया पर ईरानी मिसाइलें जंग अब केवल मिडिल ईस्ट तक सीमित नहीं रही। ईरान ने पहली बार इतनी लंबी दूरी की मार करते हुए हिंद महासागर में स्थित अमेरिका और ब्रिटेन के साझा सैन्य बेस 'डिएगो गार्सिया' को निशाना बनाया है। हमला: शुक्रवार सुबह ईरान ने 2 बैलिस्टिक मिसाइलें दागीं। हालांकि, अमेरिकी रक्षा मंत्रालय (Pentagon) के अनुसार, दोनों मिसाइलें बेस को हिट करने में नाकाम रहीं और समुद्र में जा गिरीं। ब्रिटेन की निंदा: ब्रिटेन ने इस हमले की कड़े शब्दों में निंदा की है। ब्रिटेन सीधे तौर पर जंग में शामिल नहीं है, लेकिन उसने अमेरिका को अपने इस रणनीतिक द्वीप (Diego Garcia) का उपयोग करने की अनुमति दी है। महत्व: तेहरान से यह बेस करीब 3,800 से 5,000 किलोमीटर दूर है। यहाँ से अमेरिका अपने बी-52 बॉम्बर और टैंकर विमान संचालित करता है। 3. लाइव ब्लॉग अपडेट्स: पल-पल की खबरें (21 मार्च 2026) समय स्थान घटना 05:10 PM डिएगो गार्सिया ब्रिटेन ने ईरानी हमले को क्षेत्रीय शांति के लिए बड़ा खतरा बताया। 05:05 PM इजराइल IRGC का दावा- इजराइल के बेन गुरियन एयरपोर्ट पर ड्रोन हमला, उड़ानें प्रभावित। 04:32 PM रामसर, ईरान एक घर पर अमेरिकी-इजराइली हवाई हमला; माता-पिता और एक मासूम बच्चे की मौत। 04:18 PM बगदाद, इराक इराकी खुफिया मुख्यालय के पास ड्रोन गिरा; एक उच्च अधिकारी की मौत। 03:12 PM बगदाद रिहायशी इलाके में दूसरा ड्रोन हमला; एक स्पोर्ट्स क्लब में गिरा निगरानी ड्रोन। 01:38 PM तेहरान IRGC के प्रवक्ता अली मोहम्मद नैनी का अंतिम संस्कार, हजारों की भीड़ उमड़ी। 4. कूटनीतिक हलचल: पीएम मोदी और पुतिन का रुख एक ओर जहाँ मिसाइलें बरस रही हैं, वहीं दूसरी ओर नवरोज और ईद के मौके पर बड़े नेताओं के बीच बातचीत भी हुई: पीएम मोदी का संदेश: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ईरानी राष्ट्रपति मसूद पजश्कियान से फोन पर बात की। उन्होंने ईद और नवरोज की बधाई दी, लेकिन साथ ही समुद्री रास्तों (Shipping Routes) की सुरक्षा पर चिंता जताई। मोदी ने स्पष्ट कहा कि वैश्विक व्यापार के लिए जहाजों के रास्ते सुरक्षित रहना अनिवार्य है। पुतिन की 'सच्ची दोस्ती': रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने ईरान को अपना 'वफादार दोस्त' बताया। उन्होंने कहा कि अमेरिका और इजराइल की कार्रवाई से तेल संकट बढ़ेगा। रूस ने ईरानी सर्वोच्च नेता खामेनेई को निशाना बनाने की कोशिशों की भी निंदा की। 5. ईरान की रणनीति: "होर्मुज बंद नहीं, लेकिन..." ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने एक महत्वपूर्ण इंटरव्यू में दो टूक बातें कहीं: रास्ते की शर्त: उन्होंने कहा कि स्ट्रेट ऑफ होर्मुज खुला है, लेकिन केवल उन देशों के लिए जो ईरान के संपर्क में रहेंगे। हमलावर देशों के लिए यह रास्ता पूरी तरह बंद रहेगा। जंग का अंत: अराघची ने कहा कि ईरान को सिर्फ 'सीजफायर' (युद्धविराम) नहीं चाहिए, बल्कि जंग पूरी तरह खत्म होने की लिखित गारंटी चाहिए। 6. साइबर वॉर: इजराइली जनरल का ईमेल हैक? ईरानी हैकर ग्रुप 'हंदाला' ने दावा किया है कि उन्होंने इजराइली ब्रिगेडियर जनरल एरन ओरताल का ईमेल हैक कर लिया है। दावा: हैकर्स के पास 1 लाख से ज्यादा सीक्रेट ईमेल होने की बात कही गई है, जिनमें इजराइली सेना की भविष्य की योजनाओं का विवरण है। हालांकि, इजराइल ने अभी तक इस दावे की पुष्टि नहीं की है। 7. ट्रम्प का 'विक्ट्री कार्ड' और नाटो पर गुस्सा डोनाल्ड ट्रम्प ने 'ट्रुथ सोशल' पर पोस्ट कर अपने लक्ष्यों को स्पष्ट किया: ईरान की मिसाइल क्षमता को पूरी तरह खत्म करना। ईरान के रक्षा उत्पादन ढांचे को नष्ट करना। नौसेना और वायुसेना को पंगु बनाना। यह सुनिश्चित करना कि ईरान कभी परमाणु बम न बना सके। नाटो की आलोचना: ट्रम्प ने नाटो देशों को 'कमजोर' बताते हुए कहा कि वे तेल की महंगाई पर रोते तो हैं, लेकिन होर्मुज खुलवाने में अमेरिका की मदद नहीं करते। 8. आर्थिक राहत: भारत के लिए ईरानी तेल का रास्ता खुला अमेरिकी ट्रेजरी ने 30 दिनों की अस्थायी छूट दी है। नियम: जो ईरानी तेल 20 मार्च तक जहाजों पर लोड हो चुका है, उसे भारत और अन्य एशियाई देश खरीद सकते हैं। उपलब्धता: फिलहाल समुद्र में करीब 18 करोड़ बैरल ईरानी तेल मौजूद है। भारतीय रिफाइनरियां अब इस 'डिस्काउंटेड' तेल को उतारने की तैयारी कर रही हैं, जिससे घरेलू स्तर पर तेल की कीमतों में कुछ राहत मिल सकती है।

रवि चौहान मार्च 21, 2026 0
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वेनेजुएला-ईरान के बाद क्यूबा पर हमला कर सकता है अमेरिका

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अमेरिका-इजराइल का ईरान की सबसे बड़ी गैस फील्ड पर हमला

Middle East War Day 18: भारत ने ईरान को भेजी दवाओं की खेप; इजराइल का दावा- मार गिराए ईरानी खुफिया मंत्री इस्माइल खातिब।

LPG ला रहे 2 भारतीय जहाजों ने होर्मुज पार किया
Middle East War Day 15: भारत के 2 LPG जहाज होर्मुज स्ट्रैट से सुरक्षित निकले; ट्रम्प का खार्ग आइलैंड पर बड़ा हमला, जानें युद्ध के ताजा हालात।

मिडिल ईस्ट महाजंग: 15वां दिन | भारत के लिए बड़ी राहत, होर्मुज स्ट्रैट से निकले गैस जहाज; ट्रम्प का खार्ग आइलैंड पर भीषण प्रहार और वैश्विक ऊर्जा संकट की पूरी रिपोर्ट नई दिल्ली/वॉशिंगटन/तेहरान | 15 मार्च 2026 अमेरिका-इजराइल और ईरान के बीच छिड़े भीषण युद्ध का आज 15वां दिन है। इस महायुद्ध के बीच भारत के लिए एक बहुत बड़ी कूटनीतिक और आर्थिक जीत की खबर सामने आई है। युद्ध के कारण ठप पड़े दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण समुद्री रास्ते, होर्मुज स्ट्रैट (Strait of Hormuz) से भारत के दो विशाल LPG जहाज सुरक्षित बाहर निकल गए हैं। जहाँ एक ओर समुद्र में भारत को राहत मिली है, वहीं दूसरी ओर जमीन और आसमान में बारूद की बारिश जारी है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने ईरान के सबसे महत्वपूर्ण तेल निर्यात केंद्र खार्ग आइलैंड पर भीषण हमले का फुटेज जारी कर हलचल मचा दी है। यहाँ 15वें दिन के युद्ध और उससे जुड़े वैश्विक घटनाक्रमों की विस्तृत और गहन रिपोर्ट दी गई है: 1. भारत की बड़ी जीत: 'शिवालिक' और 'नंदा देवी' की सुरक्षित वापसी मिडिल ईस्ट में जंग शुरू होने के बाद भारत में रसोई गैस (LPG) की किल्लत बढ़ गई थी, क्योंकि भारत के कई जहाज युद्ध क्षेत्र में फंस गए थे। सुरक्षित मार्ग: शिपिंग मंत्रालय के विशेष सचिव राजेश कुमार सिन्हा ने पुष्टि की है कि भारतीय झंडे वाले दो LPG कैरियर— 'शिवालिक' और 'नंदा देवी' ने शनिवार को सफलतापूर्वक होर्मुज स्ट्रैट पार कर लिया है। बड़ी खेप: ये दोनों जहाज अपने साथ कुल 92,700 टन LPG लेकर आ रहे हैं। यह खेप भारत में गैस की कमी को दूर करने में संजीवनी का काम करेगी। गंतव्य: ये जहाज गुजरात के मुंद्रा और कांडला बंदरगाह की ओर बढ़ रहे हैं और अगले 48 से 72 घंटों में भारत पहुँच जाएंगे। ईरान का रुख: ईरान ने कूटनीतिक बातचीत के बाद इन जहाजों को गुजरने की अनुमति दी। ईरान के राजदूत मोहम्मद फतहाली ने संकेत दिया है कि अन्य भारतीय जहाजों को भी धीरे-धीरे रास्ता दिया जा सकता है। 2. ट्रम्प का 'ऑपरेशन खार्ग आइलैंड': 90 सैन्य ठिकाने तबाह अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने ईरान की आर्थिक कमर तोड़ने के लिए उसके सबसे बड़े तेल केंद्र खार्ग आइलैंड (Kharg Island) पर 'लार्ज-स्केल प्रिसिजन स्ट्राइक' की है। हमले का दायरा: अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) के अनुसार, इस हमले में ईरान के 90 से ज्यादा सैन्य ठिकानों को नष्ट कर दिया गया है। इनमें मिसाइल स्टोरेज बंकर, नौसैनिक माइंस डिपो और रडार सिस्टम शामिल हैं। तेल इंफ्रास्ट्रक्चर: अमेरिका ने दावा किया है कि उसने फिलहाल तेल के कुओं या रिफाइनरी को नुकसान नहीं पहुँचाया है, लेकिन यह एक चेतावनी है। यदि ईरान ने होर्मुज स्ट्रैट नहीं खोला, तो उसके तेल इंफ्रास्ट्रक्चर को भी राख कर दिया जाएगा। ईरान का पलटवार: ईरान ने इन दावों को खारिज करते हुए कहा है कि खार्ग आइलैंड से तेल निर्यात सामान्य रूप से जारी है और अमेरिकी हमले बेअसर रहे हैं। 3. युद्ध के मैदान से अन्य बड़े अपडेट्स A. ईरान की धमकी: "अमेरिकी बेस सुरक्षा नहीं, खतरा हैं" ईरानी संसद के स्पीकर मोहम्मद बाघेर गालिबाफ ने खाड़ी देशों (जैसे कतर, बहरीन, UAE) को चेतावनी दी है कि उनके यहाँ मौजूद अमेरिकी सैन्य अड्डे क्षेत्र के लिए खतरा हैं। ईरान का मानना है कि अमेरिका केवल इजराइल के हितों के लिए अरब देशों की सुरक्षा को दांव पर लगा रहा है। B. UAE और बहरीन पर हमले ईरान की IRGC नौसेना ने दावा किया है कि उसने अबू धाबी के अल-धफरा एयरबेस और बहरीन के शेख ईसा एयरबेस पर ड्रोन और मिसाइल से हमले किए हैं। UAE ने पलटवार करते हुए कहा कि उसने ईरान की 9 बैलिस्टिक मिसाइलें और 33 ड्रोन मार गिराए हैं। UAE ने इसे ईरान का 'नैतिक दिवालियापन' करार दिया है। C. इजराइल पर मिसाइल बारिश ईरान ने इजराइल के दक्षिणी शहर इलात पर मिसाइल हमला किया, जिससे सड़क पर एक बड़ा गड्ढा (क्रेटर) बन गया। इस हमले में एक 12 साल के बच्चे सहित दो लोग घायल हुए हैं। उधर, लेबनान से हिजबुल्लाह ने भी उत्तरी इजराइल के एयर डिफेंस सिस्टम को निशाना बनाकर रॉकेट दागे हैं। 4. वैश्विक अर्थव्यवस्था पर असर: तेल और महंगाई का तांडव युद्ध का असर अब आम आदमी की जेब पर साफ दिखने लगा है: अमेरिका में हाहाकार: अमेरिका में पेट्रोल की कीमतें युद्ध शुरू होने के बाद 23% तक बढ़ गई हैं। गैस की औसत कीमत $3.68 प्रति गैलन पहुँच गई है। पाकिस्तान की बदहाली: ईंधन संकट से जूझ रहे पाकिस्तान ने सरकारी कर्मचारियों की सैलरी में 5% से 30% तक की कटौती कर दी है। सरकारी गाड़ियों के ईंधन में 50% की कटौती की गई है। तेल की कीमतें: अंतरराष्ट्रीय बाजार में ब्रेंट क्रूड $103 प्रति बैरल के पार निकल गया है। 📊 युद्ध का प्रभाव: एक नजर में क्षेत्र / देश प्रभाव वर्तमान स्थिति भारत 2 LPG जहाज सुरक्षित निकले गैस किल्लत में थोड़ी राहत की उम्मीद। अमेरिका पेट्रोल कीमतें 23% बढ़ीं महंगाई दर में रिकॉर्ड बढ़ोत्तरी। पाकिस्तान सैलरी में 30% तक कटौती आर्थिक आपातकाल जैसे हालात। जापान ऑस्ट्रेलिया से LNG की मांग ऊर्जा सुरक्षा के लिए नए पार्टनर्स की तलाश। ईरान खार्ग आइलैंड पर हमला सैन्य ठिकानों को भारी नुकसान। 5. कूटनीतिक हलचल: क्या सरकार गिरेगी? अमेरिका में निर्वासित जीवन जी रहे ईरान के क्राउन प्रिंस रजा पहलवी ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि यदि ईरान की मौजूदा सरकार गिरती है, तो वे अंतरिम शासन (Transitional System) संभालने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। उन्होंने इसके लिए ईरान के भीतर और बाहर के विशेषज्ञों की एक टीम भी तैयार कर ली है। 6. कोच्चि में खड़ा ईरानी युद्धपोत केरल के कोच्चि बंदरगाह पर ईरानी नौसेना का जहाज IRIS लावन अब भी खड़ा है। तकनीकी खराबी और युद्ध के कारण यह जहाज वापस नहीं जा पाया है। हालांकि, भारत ने मानवीय आधार पर इसके क्रू मेंबर्स को चार्टर्ड फ्लाइट से वापस भेजने में मदद की है।

रवि चौहान मार्च 14, 2026 0
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